लोक निर्माण विभाग राज्य का ‘ग्रोथ इंजन’, विकास कार्यों में तेजी लाएं: डिप्टी CM अरुण साव

रायपुर, 9 जुलाई। उप मुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने गुरुवार को लोक निर्माण विभाग (PWD) के कामकाज की व्यापक समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि विभाग को राज्य के विकास का ‘ग्रोथ इंजन’ बनाना है। उन्होंने कहा कि सड़क, पुल-पुलिया, शासकीय भवनों सहित सभी आधारभूत संरचनाओं के निर्माण की बड़ी जिम्मेदारी विभाग पर है, इसलिए कार्यों में गति, गुणवत्ता और समयबद्धता सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
नवा रायपुर स्थित निर्माण भवन में आयोजित समीक्षा बैठक में श्री साव ने प्रदेशभर में निर्माणाधीन एवं प्रस्तावित परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को फील्ड में जाकर नियमित निरीक्षण करने, निर्माण कार्यों की कड़ी मॉनिटरिंग करने तथा ठेकेदारों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। बैठक में विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल और प्रमुख अभियंता वी.के. भतपहरी सहित वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि विभागीय अभियंताओं की दक्षता केवल कार्यालयों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उसका असर जमीन पर दिखाई देना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से पुरानी कार्यशैली छोड़कर नई कार्य संस्कृति अपनाने का आह्वान किया और निर्देश दिए कि सभी आवश्यक प्रशासनिक एवं तकनीकी प्रक्रियाएं तेजी से पूरी कर सितंबर-अक्टूबर तक नए कार्यों के वर्क ऑर्डर जारी कर दिए जाएं, ताकि बारिश समाप्त होते ही निर्माण कार्य पूरी गति से शुरू किए जा सकें।
श्री साव ने निर्माण एजेंसियों और ठेकेदारों के साथ हुए अनुबंधों के अनुसार तय माइलस्टोन पर काम सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि अनुबंध के अनुरूप प्रगति नहीं करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ ब्लैकलिस्टिंग और अनुबंध समाप्त करने जैसी सख्त कार्रवाई की जाए। वहीं जिन ठेकेदारों ने कार्य पूरे किए हैं, उनके बिल समय पर तैयार कर हर महीने भुगतान सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि प्रदेश में सड़क, पुल-पुलिया, स्कूल, कॉलेज, ऑडिटोरियम, शासकीय कार्यालय, छात्रावास और अन्य भवनों का निर्माण निर्धारित समय-सीमा में पूरा होना चाहिए। साथ ही पहुंचविहीन गांवों तक सालभर संपर्क बनाए रखने के लिए नई सड़कों और पुलों के प्रस्ताव प्राथमिकता से तैयार कर शासन को भेजने तथा पुराने लंबित कार्यों की बाधाओं को तत्काल दूर करने को कहा।
बैठक में भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया में तेजी लाने पर भी विशेष जोर दिया गया। श्री साव ने मुख्य अभियंताओं को निर्देश दिए कि राजस्व विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के सहयोग से कार्यपालन अभियंताओं, एसडीओ और उप अभियंताओं के लिए कार्यशाला आयोजित कर भूमि अधिग्रहण संबंधी कानूनों और प्रक्रियाओं की जानकारी दी जाए।
लोक निर्माण विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल ने अधिकारियों को मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री और मंत्रियों की अनुशंसा वाले कार्यों के साथ-साथ द्रुतगामी सड़कों, पुलों, पहुंचविहीन गांवों को जोड़ने वाली पक्की सड़कों तथा जनप्रतिनिधियों द्वारा अनुशंसित कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने 31 अगस्त तक सभी नए कार्यों के प्राक्कलन शासन को भेजने तथा विभिन्न शहरों में बन रहे ऑडिटोरियम पूर्ण होने के बाद उन्हें तत्काल संबंधित विभागों और नगरीय निकायों को हस्तांतरित करने के निर्देश भी दिए।